महासती डॉ. कुमुदलताजी के पावन सान्निध्य में भक्तिमय हुआ दिवाकर दरबार परिसर, 16 शुक्रवार की मां पद्मावती एकासन आराधना का होगा शुभारंभ
अनुष्ठान के दौरान पूरा वातावरण धर्ममय एवं भक्तिमय बना रहा। श्रद्धालु भक्ति में लीन होकर आराधना करते नजर आए। आयोजन में पुरुषों ने श्वेत वस्त्र तथा महिलाओं ने पीली साड़ियों में सहभागिता कर कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की उपस्थिति और अनुशासित सहभागिता ने पूरे आयोजन को विशेष बना दिया।
प्रवचन में महासतीजी ने बताया धर्म आराधना का महत्व
अपने मंगल प्रवचन में महासती श्री कुमुदलताजी महाराज साहब ने कहा कि जीवन में आध्यात्मिक उन्नति और आंतरिक शांति के लिए नियमित धर्म आराधना आवश्यक है। ऐसे मंगलकारी अनुष्ठान व्यक्ति के जीवन में सुख, शांति और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं। धर्म आराधना से आत्मबल बढ़ता है और व्यक्ति अपने जीवन में संयम, सदाचार तथा सकारात्मक परिवर्तन की ओर आगे बढ़ता है।
उन्होंने श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि वे नित्य नियम, स्वाध्याय और संयम को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं। धार्मिक क्रियाओं के साथ उनके भाव और आत्मिक उद्देश्य को समझना भी आवश्यक है। धर्म के मार्ग पर नियमित रूप से आगे बढ़ने से जीवन में शांति और आत्मिक संतोष की अनुभूति होती है।
दैनिक नियम पत्रक का हुआ विमोचन
इस पावन अवसर पर श्रद्धालुओं के लिए तैयार किए गए ‘दैनिक नियम पत्रक’ का विमोचन डीपीन जैन, रमेश भण्डारी, प्रकाश भटेवरा, अशोक मंडलीक, हंस कुमार जैन, समरथ मल कोठारी, टीसी जैन, हनुमान प्रसाद पोरवाल आदि द्वारा किया गया।
जिनेश्वर जैन ने बताया कि इस पत्रक के माध्यम से श्रद्धालु अपने दैनिक धार्मिक नियमों का नियमित एवं सुगम रूप से पालन कर सकेंगे। पत्रक में दैनिक धर्म आराधना को व्यवस्थित रूप देने का प्रयास किया गया है। श्रद्धालुओं ने पत्रक को उत्साहपूर्वक ग्रहण किया।
शुक्रवार से 16 शुक्रवार की मां पद्मावती एकासन आराधना
चातुर्मास समिति द्वारा घोषणा की गई कि शुक्रवार से मां पद्मावती देवी की एकासन आराधना का शुभारंभ होगा। यह आराधना लगातार 16 शुक्रवार तक चलेगी। श्रद्धालु निर्धारित नियमों के साथ इस आराधना में सहभागी बनकर धर्म आराधना एवं पुण्य लाभ प्राप्त कर सकेंगे। चातुर्मास के दौरान होने वाली इस आराधना को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखा जा रहा है।
सुराना परिवार रहा अनुष्ठान का लाभार्थी
पैंसठिया छंद अनुष्ठान के लाभार्थी श्री सुभाष शैलजा सुराना परिवार, जानकी नगर, इंदौर रहे। परिवार की ओर से सभी श्रद्धालुओं के लिए प्रभावना की व्यवस्था की गई। आयोजन को सफल बनाने में संघ के सेवाभावी कार्यकर्ताओं एवं महिला मंडलों का विशेष योगदान रहा। स्थानकवासी जैन युवक संघ ने भी आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
पूरे आयोजन की व्यवस्थाओं में कार्यकर्ताओं ने सक्रियता के साथ अपनी सेवाएं दीं। श्रद्धालुओं की सुविधा एवं अनुशासन का विशेष ध्यान रखा गया। कार्यक्रम का संचालन मुख्य समन्वयक जिनेश्वर जैन ने किया। आयोजन के समापन पर श्रद्धालुओं ने धर्म आराधना से प्राप्त आध्यात्मिक ऊर्जा एवं भक्तिभाव के साथ मंगल भावनाएं व्यक्त कीं।
Dr.Talera's Multi-speciality Dental Clinic, Thandla


.jpg)
0 टिप्पणियाँ